मुख्यमंत्री सेहत योजना से 8 हजार से अधिक कैंसर मरीजों को मिला कैशलेस इलाज, ₹20 करोड़ से ज्यादा खर्च

कैंसर जैसी गंभीर बीमारी का इलाज कई परिवारों के लिए आर्थिक चुनौती बन जाता है। पंजाब सरकार की मुख्यमंत्री सेहत योजना का उद्देश्य यही है कि आर्थिक तंगी किसी भी मरीज के इलाज में बाधा न बने। योजना के तहत हजारों मरीजों को अब तक मुफ्त और कैशलेस उपचार का लाभ मिल चुका है।
8 हजार से अधिक मरीजों को मिला लाभ
राज्य स्वास्थ्य एजेंसी (SHA) के अनुसार 18 जुलाई 2026 तक मुख्यमंत्री सेहत योजना के तहत 8,069 कैंसर मरीजों का कैशलेस इलाज किया गया है। इस उपचार पर राज्य सरकार ने कुल ₹20.22 करोड़ खर्च किए हैं। योजना का मकसद जरूरतमंद मरीजों को समय पर गुणवत्तापूर्ण इलाज उपलब्ध कराना है।
समय पर जांच और इलाज पर जोर
पंजाब के स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण मंत्री डॉ. बलबीर सिंह ने लोगों से अपील की कि शरीर में गांठ, बिना कारण वजन कम होना, असामान्य रक्तस्राव, लंबे समय तक रहने वाली खांसी या मल-मूत्र की सामान्य प्रक्रिया में बदलाव जैसे संकेतों को नजरअंदाज न करें। उनका कहना है कि समय पर जांच और शीघ्र उपचार से कैंसर से उबरने की संभावना काफी बढ़ जाती है।

सबसे ज्यादा लाभ 36 से 60 वर्ष आयु वर्ग को
योजना के आंकड़ों के अनुसार इलाज पाने वाले 8,069 मरीजों में 4,285 मरीज 36 से 60 वर्ष आयु वर्ग के हैं। इसके अलावा 3,376 मरीज 60 वर्ष से अधिक आयु के, 399 मरीज 17 से 35 वर्ष आयु वर्ग के और 9 मरीज 17 वर्ष से कम आयु के हैं। इससे स्पष्ट होता है कि कैंसर केवल बुजुर्गों तक सीमित नहीं है, बल्कि कार्यशील आयु वर्ग भी बड़ी संख्या में इससे प्रभावित हो रहा है।
इलाज के खर्च से मिली राहत
योजना ने कई परिवारों को महंगे इलाज के आर्थिक बोझ से राहत दी है। समाना निवासी दर्शन देवी की कैंसर सर्जरी भी इसी योजना के तहत बिना किसी व्यक्तिगत खर्च के कराई गई। अनुमानित 4 से 5 लाख रुपये के इलाज का पूरा खर्च योजना के माध्यम से वहन किया गया, जिससे समय पर उपचार संभव हो सका।
पूरे वर्ष लगातार बढ़ी उपचार की संख्या
सरकारी आंकड़ों के अनुसार जनवरी 2026 में 842 कैंसर मरीजों का उपचार हुआ। फरवरी में यह संख्या 1,080, मार्च में 1,175 और अप्रैल में 1,350 तक पहुंच गई। मई में 1,275 और जून में सर्वाधिक 1,468 मरीजों का इलाज किया गया। जुलाई के पहले 18 दिनों में ही 879 मरीज इस योजना का लाभ उठा चुके थे।
योजना के तहत 950 करोड़ रुपये से अधिक के उपचार
मुख्यमंत्री सेहत योजना 8 जनवरी 2026 को शुरू की गई थी। 20 जुलाई 2026 तक इसके तहत कुल 2,68,274 लाभार्थियों को उपचार उपलब्ध कराया गया और 5,31,386 उपचार मामलों का निपटारा किया गया। इस दौरान योजना के तहत कुल उपचार मूल्य ₹950.35 करोड़ तक पहुंच चुका है।
कैंसर जैसी गंभीर बीमारी में समय पर जांच और इलाज सबसे महत्वपूर्ण होता है। मुख्यमंत्री सेहत योजना आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए बड़ी राहत बनकर उभरी है। सरकार का कहना है कि भविष्य में भी इस योजना के माध्यम से पात्र मरीजों को गुणवत्तापूर्ण और कैशलेस उपचार उपलब्ध कराया जाता रहेगा।
