अयोध्या में अजय राय के स्वागत कार्यक्रम में कथित मछली भोज पर विवाद, बीजेपी ने कांग्रेस को घेरा

अयोध्या में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष अजय राय के स्वागत कार्यक्रम से जुड़े कथित मछली भोज के वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल होने के बाद राजनीतिक विवाद तेज हो गया है। बीजेपी नेताओं और संतों ने इसे सावन और धार्मिक भावनाओं से जोड़कर कांग्रेस पर निशाना साधा है।
स्वागत कार्यक्रम से शुरू हुआ विवाद
उत्तर प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष अजय राय के अयोध्या दौरे के दौरान उनके स्वागत के लिए आयोजित कार्यक्रम अब राजनीतिक चर्चा का केंद्र बन गया है। सोशल मीडिया पर कुछ वीडियो वायरल हो रहे हैं, जिनमें मछली तैयार किए जाने का दावा किया जा रहा है। हालांकि, कार्यक्रम में दो कुंतल से अधिक मछली बनाए जाने की आधिकारिक पुष्टि नहीं हुई है।
अजय राय ने अयोध्या पहुंचकर हनुमानगढ़ी में हनुमान चालीसा का पाठ किया था। इसके बाद आयोजित स्वागत कार्यक्रम में कथित मछली भोज को लेकर विवाद खड़ा हो गया।
संतों ने जताई नाराजगी
राष्ट्रीय अध्यक्ष सनातन रक्षक संघ मुकुंद माधव त्रिपाठी ने मामले पर आपत्ति जताते हुए कहा कि सावन के महीने में रामनगरी अयोध्या में मछली भोज का आयोजन दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने इसे धार्मिक भावनाओं से जोड़ते हुए सवाल उठाए।
संत सीताराम दास जी महाराज ने भी नाराजगी जाहिर की। उन्होंने आरोप लगाया कि कांवड़ मार्ग पर स्थित लॉन में मछली भोज कराकर कांवड़ियों और सनातन समाज की भावनाओं को ठेस पहुंचाई गई।

बीजेपी ने कांग्रेस से मांगी माफी
यूपी बीजेपी अध्यक्ष और सांसद पंकज चौधरी ने सोशल मीडिया पोस्ट के जरिए कांग्रेस पर हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि श्रावण मास में अयोध्या में कांग्रेस प्रदेश अध्यक्ष के स्वागत कार्यक्रम में मछली भोज आयोजित किया गया।
पंकज चौधरी ने इसे निंदनीय बताते हुए कांग्रेस से संत समाज और देशवासियों से सार्वजनिक रूप से माफी मांगने की मांग की।
ब्रजेश पाठक ने भी साधा निशाना
डिप्टी सीएम ब्रजेश पाठक ने कहा कि सावन के महीने में अयोध्या में इस तरह का भोज होना बेहद दुखद है। उन्होंने इसे कांग्रेस की सोच से जोड़ते हुए विपक्ष पर जाति और तुष्टिकरण की राजनीति करने का आरोप लगाया।
उनके मुताबिक, विपक्ष के पास जनता के सामने रखने के लिए कोई ठोस एजेंडा नहीं है।
राजभर बोले- कांग्रेस का कल्चर
यूपी सरकार में मंत्री और सुभासपा अध्यक्ष ओम प्रकाश राजभर ने भी विवाद पर कांग्रेस को घेरा। उन्होंने कहा कि अयोध्या में मछली भोज कराना कांग्रेस का कल्चर है। उन्होंने कांग्रेस और सपा नेताओं पर भी निशाना साधते हुए राजनीतिक आरोप लगाए।
वीडियो वायरल, लेकिन कई दावों की पुष्टि बाकी
इस पूरे विवाद में सबसे अहम बात यह है कि सोशल मीडिया पर वायरल वीडियो और उनसे जुड़े दावों की स्वतंत्र पुष्टि अभी नहीं हुई है। इसलिए कार्यक्रम में वास्तव में क्या हुआ, कितनी मछली बनाई गई और उसका आयोजन किस उद्देश्य से किया गया, इसे लेकर आधिकारिक जानकारी का इंतजार है।
फिलहाल अयोध्या का यह मामला धार्मिक भावनाओं से लेकर राजनीतिक बयानबाजी तक पहुंच चुका है। वायरल दावों की पुष्टि से पहले निष्कर्ष निकालने के बजाय आधिकारिक तथ्यों का सामने आना ही पूरे विवाद की वास्तविक तस्वीर साफ करेगा।
