प्रदेश में कुल 2.30 लाख सीट उपलब्ध, बार-बार तारीख बढ़ाने के बावजूद केवल 1.12 लाख छात्रों के हुए दाखिले

College Admission : हरियाणा के कॉलेज से छात्रों का पूरी तरह से मोह भंग हो चुका है। प्रदेश के कॉलेज में 2.30 लाख सीटें उपलब्ध हैं, लेकिन पांच बार दाखिले की तारीख बढ़ाने के बावजूद 50% पर भी दाखिले नहीं पहुंचे हैं। प्रदेश में 15 सितंबर तक 1.12 लाख तक ले हो पाए थे। अब छठी बार तारीख बढ़ाई गई है और कॉलेज में 6 अक्टूबर तक दाखिले लिए जा सकेंगे।
हरियाणा के कॉलेजों में दाखिले की तारीख छठी बार बढ़ा दी गई है। 5 बार तारीख की बढ़ाने के बावजूद कॉलेजों में अभी भी 50 फीसदी से अधिक सीटें खाली हैं। उच्चतर शिक्षा विभाग ने दाखिले से वंचित विद्यार्थियों को एक और मौका दिया है। अब विद्यार्थी 6 अक्तूबर तक स्नातक (यूजी) और स्नातकोत्तर (पीजी) कक्षाओं में प्रवेश ले सकेंगे।
प्रदेश के कॉलेजों में अब तक करीब 1.12 लाख दाखिले हुए हैं जबकि विभाग ने शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए 1.50 लाख प्रवेश का लक्ष्य रखा था। इस बार पोर्टल पर 1.47 लाख विद्यार्थियों ने पंजीकरण कराया था लेकिन पंजीकरण के मुकाबले दाखिले कम हुए हैं। उच्चतर शिक्षा विभाग के महानिदेशक ने दाखिले की तारीख बढ़ाने के आदेश जारी किए हैं।

विभाग के अनुसार कॉलेजों और विद्यार्थियों की ओर से पोर्टल दोबारा खोलने और प्रवेश की तिथि बढ़ाने की मांग की जा रही थी। इसी को देखते हुए अब अंतिम तारीख 6 अक्तूबर तय की गई है। सभी राज्य विश्वविद्यालयों, सरकारी, सहायता प्राप्त व स्ववित्तपोषित कॉलेजों को दाखिले की नई समय सीमा की जानकारी दे दी गई है। कॉलेजों को निर्देश दिए गए हैं कि वे दाखिले से वंचित विद्यार्थियों तक इसकी सूचना पहुंचाएं।
पिछली बार जब तारीख बढ़ाई गई उस समय 24 अगस्त तक मजह 1.08 सीटों पर ही दाखिला हो पाया था, यानी 1.22 लाख सीटें खाली थी। अब उच्च शिक्षा विभाग के लिए प्रदेश के कॉलेजों में यूजी में दाखिलों की संख्या बढ़ाना एक बड़ी चुनौती बना हुआ है। फिलहाल शिक्षा मंत्री के निर्देश पर दाखिले की अंतिम तिथि को बढ़ाना पड़ा है। पिछली बार तारीख बढ़ाने के बाद 20 दिन से ज्यादा समय में कुल मिलाकर के 4000 नए दाखिला हो पाए थे। अब 10 दिन में कितने दाखिले होते हैं, यह देखने वाली बात है। माना जा रहा है कि शिक्षा विभाग लाख कोशिश करने के बावजूद भी अपने लक्ष्य को शायद नहीं छू पाएगा।
