
मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बुधवार को हुई बिहार कैबिनेट की बैठक में 27 प्रस्तावों पर मुहर लगी। शिक्षा, शहरी विकास, सड़क, स्वास्थ्य, उद्योग और पशुपालन समेत कई क्षेत्रों से जुड़े अहम फैसले लिए गए। स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना की अवधि बढ़ाने के साथ कई बड़ी परियोजनाओं को भी मंजूरी मिली।
स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना को मिली नई अवधि
बिहार सरकार ने उच्च शिक्षा के क्षेत्र में बिहार स्टूडेंट क्रेडिट कार्ड योजना को 2030-31 तक जारी रखने का फैसला किया है। इसके तहत विद्यार्थियों को अधिकतम चार लाख रुपये तक शिक्षा ऋण देने की मौजूदा व्यवस्था भी जारी रहेगी।
इसके अलावा ई-कैबिनेट व्यवस्था लागू करने के लिए 2.75 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी गई। व्यवहार न्यायालयों में लिपिकीय पदों के पुनर्गठन और विभिन्न विभागों में नए पद सृजित करने के प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली।
शहीद रामफल मंडल और राजकुमार शुक्ल को सम्मान
कैबिनेट ने भारत छोड़ो आंदोलन के अमर शहीद रामफल मंडल का शहादत दिवस हर साल 23 अगस्त को सीतामढ़ी में राजकीय समारोह के रूप में मनाने का निर्णय लिया।
वहीं चंपारण सत्याग्रह के सूत्रधार और स्वतंत्रता सेनानी पंडित राजकुमार शुक्ल की जयंती भी हर साल 23 अगस्त को पश्चिमी चंपारण में राजकीय समारोह के रूप में मनाई जाएगी।

संग्रहालयों के लिए 40 करोड़ रुपये मंजूर
बिहार संग्रहालय और पटना संग्रहालय के संचालन एवं रखरखाव के लिए वित्तीय वर्ष 2026-27 में 40 करोड़ रुपये के सहायक अनुदान को प्रशासनिक मंजूरी दी गई।
बिहार विरासत विकास समिति में कार्यपालक निदेशक के वेतन-भत्ते और सेवा शर्तों से जुड़े प्रस्ताव को भी मंजूरी मिली।
शहरी विकास के लिए 9,169 करोड़ रुपये
राज्य के सभी नगर निकायों को 16वें वित्त आयोग की सिफारिशों के तहत 2026-27 से 2030-31 तक मिलने वाले अनुदान से जुड़े 9,169 करोड़ रुपये के प्रस्ताव को स्वीकृति मिली।
साथ ही मुख्यमंत्री समग्र शहरी विकास योजना की अवधि भी 2030-31 तक बढ़ा दी गई।
सड़क और पुल परियोजनाओं को हरी झंडी
नेहरू पथ के चौड़ीकरण के लिए 39.80 करोड़ रुपये की प्रशासनिक स्वीकृति दी गई। सीतामढ़ी में रेलवे क्रॉसिंग के स्थान पर रोड ओवरब्रिज के निर्माण के लिए संशोधित लागत 110.42 करोड़ रुपये मंजूर की गई।
दानापुर में रेल मंत्रालय की भूमि के इस्तेमाल से सड़क-सह-रेल पुल बनाने के लिए भूमि हस्तांतरण को भी मंजूरी मिली।
पशुपालन, मछली पालन और स्वास्थ्य क्षेत्र में फैसले
राज्य स्तरीय मत्स्य सहकारी परिसंघ के गठन और तीन वर्षों के लिए 14.79 करोड़ रुपये की योजना को मंजूरी दी गई। राष्ट्रीय गोकुल मिशन के तहत बछिया-पाड़ी पालन केंद्र स्थापित करने के लिए 73.48 करोड़ रुपये की परियोजना स्वीकृत हुई।
इसके अलावा बेगूसराय में 700 एकड़ भूमि पर औद्योगिक क्षेत्र विकसित करने और अरवल में 25 एकड़ भूमि पर राजकीय मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल के निर्माण के लिए भूमि हस्तांतरण को मंजूरी दी गई। मुजफ्फरपुर में विद्युत उपकेंद्र के लिए भूमि उपलब्ध कराने का प्रस्ताव भी स्वीकृत हुआ।
बिहार कैबिनेट के फैसलों से शिक्षा से लेकर शहरी विकास, सड़क, स्वास्थ्य, उद्योग और पशुपालन तक कई क्षेत्रों में नई परियोजनाओं और योजनाओं को गति मिलने की उम्मीद है।
