बरेली में 267 हेक्टेयर में बनेगी सप्तनाथ ईको सिटी, 120 हेक्टेयर से ज्यादा जमीन खरीदी

बरेली के पीलीभीत रोड पर प्रस्तावित सप्तनाथ ईको सिटी को आधुनिक सुविधाओं और नाथनगरी की धार्मिक-सांस्कृतिक पहचान के साथ विकसित करने की तैयारी तेज हो गई है। 267 हेक्टेयर की इस महत्वाकांक्षी टाउनशिप के लिए 120 हेक्टेयर से अधिक जमीन खरीदी जा चुकी है, जबकि बाकी भूमि अधिग्रहण की प्रक्रिया जारी है।
267 हेक्टेयर में विकसित होगी टाउनशिप
बरेली विकास प्राधिकरण (BDA) की इस परियोजना को शहर के विस्तार की प्रमुख योजनाओं में शामिल किया जा रहा है। अधिकारियों के मुताबिक, टाउनशिप की प्लानिंग और डिजाइनिंग का काम आगे बढ़ाया जा रहा है। परियोजना के लिए अब तक 120 हेक्टेयर से अधिक जमीन खरीदी जा चुकी है और शेष जमीन खरीदने की प्रक्रिया चल रही है।
जरूरी स्वीकृतियां मिलने के बाद परियोजना का RERA में पंजीकरण कराया जाएगा। इसके बाद इसे आम लोगों के लिए शुरू करने की तैयारी होगी।

सात नाथों की थीम होगी खास पहचान
सप्तनाथ ईको सिटी को बरेली की धार्मिक और सांस्कृतिक पहचान यानी नाथनगरी से जोड़ने की योजना है। टाउनशिप के डिजाइन में सात नाथों की थीम को प्रमुखता दी जाएगी।
थीम पार्क और अन्य सार्वजनिक स्थानों के जरिए शहर की धार्मिक विरासत को आधुनिक शहरी विकास से जोड़ने का प्रयास किया जाएगा। इससे परियोजना को सामान्य आवासीय टाउनशिप से अलग पहचान देने की तैयारी है।
नहर किनारे बनेगा हरित और मनोरंजक क्षेत्र
परियोजना के बीच से गुजरने वाली नहर को भी विशेष रूप से विकसित करने की योजना है। नहर के आसपास ग्रीन बेल्ट, पैदल चलने के रास्ते, बैठने की जगह और लैंडस्केपिंग की व्यवस्था प्रस्तावित है।
इस क्षेत्र को सिर्फ जल निकासी या सिंचाई व्यवस्था के रूप में नहीं, बल्कि लोगों के लिए खुले और मनोरंजक सार्वजनिक स्थान के तौर पर विकसित करने की योजना है।
स्कूल से लेकर फायर स्टेशन तक सुविधाएं
सप्तनाथ ईको सिटी में भविष्य की आबादी को ध्यान में रखते हुए कई जरूरी सुविधाओं के लिए जमीन निर्धारित की गई है। इनमें स्कूल, फायर स्टेशन, पेट्रोल-सीएनजी पंप, पावर सब स्टेशन, पार्क और व्यावसायिक क्षेत्र शामिल हैं।
इसके अलावा टाउनशिप में खुले स्थानों और हरियाली पर भी विशेष जोर दिया जा रहा है, ताकि आवासीय क्षेत्र के साथ बेहतर पर्यावरणीय संतुलन बनाया जा सके।
132 KV बिजली केंद्र और सौर ऊर्जा पर जोर
भविष्य में बढ़ने वाली आबादी की बिजली जरूरत को देखते हुए परियोजना में 132 KV बिजली केंद्र और पावर सब स्टेशन का प्रावधान किया गया है।
साथ ही सौर ऊर्जा और ऊर्जा बचत से जुड़ी व्यवस्थाओं को भी योजना में शामिल किया जा रहा है। बारिश के पानी को जमीन के भीतर पहुंचाने के लिए रेन वाटर हार्वेस्टिंग की व्यवस्था प्रस्तावित है।
लगातार हो रही परियोजना की समीक्षा
BDA उपाध्यक्ष सौम्या पांडेय की ओर से परियोजना की प्लानिंग और तैयारियों की लगातार समीक्षा की जा रही है। अधिकारियों का कहना है कि टाउनशिप को आधुनिक सुविधाओं के साथ बरेली की नाथनगरी पहचान से जोड़कर विकसित करने की योजना है।
सप्तनाथ ईको सिटी बरेली के पीलीभीत रोड क्षेत्र में भविष्य के शहरी विस्तार को नई दिशा देने वाली परियोजना के रूप में तैयार की जा रही है। 267 हेक्टेयर के क्षेत्र में आवासीय, व्यावसायिक, हरित और सार्वजनिक सुविधाओं को एक साथ विकसित करने की योजना है। अब परियोजना के लिए शेष जमीन, जरूरी स्वीकृतियों और RERA पंजीकरण की प्रक्रिया पूरी होने का इंतजार है।
