घरेलू कलह में मां ने दो बच्चों संग कुएं में लगाई छलांग, तीनों की मौत से मचा कोहराम

महोबा से सटे मध्य प्रदेश के छतरपुर में एक दर्दनाक घटना ने पूरे गांव को झकझोर दिया। घरेलू कलह के बीच 22 वर्षीय महिला ने अपने दो छोटे बच्चों के साथ कुएं में छलांग लगा दी। मां की मौके पर मौत हो गई, जबकि दोनों मासूमों ने अस्पताल पहुंचने से पहले दम तोड़ दिया।
घर के पास कुएं में कूदी महिला
यह दर्दनाक मामला छतरपुर जिले के प्रकाश बम्होरी थाना क्षेत्र के जमूडे का पुरवा गांव का है। जानकारी के मुताबिक, गांव निवासी सुरेश कुशवाहा की 22 वर्षीय पत्नी भगवती ने अपनी दो साल की बेटी लक्ष्मी और एक साल के बेटे ऋतिक के साथ घर के पास बने कुएं में छलांग लगा दी।
घटना की जानकारी मिलते ही परिवार में चीख-पुकार मच गई। आसपास के ग्रामीण भी मौके पर पहुंच गए और बचाव की कोशिश शुरू कर दी।
ग्रामीणों ने बच्चों को बाहर निकाला
ग्रामीणों ने किसी तरह दोनों बच्चों को कुएं से बाहर निकाला। परिजन उन्हें तत्काल इलाज के लिए महोबा जिला अस्पताल लेकर पहुंचे। हालांकि डॉक्टरों ने जांच के बाद दोनों बच्चों को मृत घोषित कर दिया।
अस्पताल के ड्यूटी डॉक्टर दीपक ने बच्चों की मौत की पुष्टि की। दोनों शवों को मोर्चरी में रखवा दिया गया।

महिला की मौके पर ही मौत
दूसरी ओर, भगवती को जब कुएं से बाहर निकाला गया, तब तक उसकी मौत हो चुकी थी। घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम भी मौके पर पहुंची और जांच शुरू की।
यह मामला दो राज्यों की सीमा से जुड़ा होने के कारण कानूनी प्रक्रिया भी अलग-अलग स्तर पर हुई। बच्चों के शव महोबा जिला अस्पताल की मोर्चरी में रखे गए, जबकि महिला के शव को पोस्टमार्टम के लिए छतरपुर जिला मुख्यालय भेजा गया।
घरेलू कलह की आशंका, जांच जारी
महिला ने इतना बड़ा कदम क्यों उठाया, इसका स्पष्ट कारण अभी सामने नहीं आया है। शुरुआती जांच में पुलिस घरेलू विवाद को घटना की संभावित वजह मान रही है।
लवकुश नगर के एसडीओपी नवीन दुबे के मुताबिक, पुलिस मामले के हर पहलू की जांच कर रही है। परिवार के सदस्यों और आसपास के लोगों से पूछताछ की जा रही है, ताकि घटना की वास्तविक वजह सामने आ सके।
परिवार में पसरा मातम
एक साथ मां और दो मासूम बच्चों की मौत से परिवार में मातम पसरा हुआ है। गांव में भी इस घटना को लेकर सन्नाटा है। जिन बच्चों की जिंदगी अभी शुरू ही हुई थी, उनकी इस तरह मौत ने हर किसी को झकझोर दिया है।
पुलिस की जांच के बाद ही यह साफ हो सकेगा कि घरेलू विवाद के पीछे क्या परिस्थितियां थीं और घटना से पहले परिवार में आखिर क्या हुआ था।
सवालों के बीच जांच पर टिकी नजर
इस घटना ने एक बार फिर पारिवारिक तनाव और उसके गंभीर परिणामों को सामने ला दिया है। फिलहाल पुलिस का फोकस घटना की परिस्थितियों को समझने और परिवार के बयानों के आधार पर पूरी सच्चाई सामने लाने पर है।
तीन जिंदगियों के अचानक खत्म होने की यह घटना सिर्फ एक परिवार का दुख नहीं है, बल्कि यह याद दिलाती है कि घरेलू विवाद जब नियंत्रण से बाहर हो जाए तो उसका असर बेहद भयावह हो सकता है। अब जांच से ही सामने आएगा कि उस रात आखिर ऐसा क्या हुआ, जिसने एक मां को अपने बच्चों के साथ यह कदम उठाने पर मजबूर कर दिया।
