दिवाली पर पटाखे फोड़ने का समय तय, कर्नाटक में सिर्फ 2 घंटे मिलेगी अनुमति

Karnataka NEWS(India 365 news): दिवाली पर पटाखे फोड़ने का इंतजार कर रहे लोगों के लिए कर्नाटक सरकार ने नए नियम जारी किए हैं। इस बार राज्य में लोग अपनी मर्जी से पूरे दिन आतिशबाजी नहीं कर सकेंगे। सरकार ने साफ कर दिया है कि 8 नवंबर से 10 नवंबर तक रोजाना रात 8 बजे से 10 बजे तक ही पटाखे जलाने की अनुमति होगी। यानी लोगों को आतिशबाजी के लिए हर दिन सिर्फ दो घंटे का समय मिलेगा।
सरकार ने यह फैसला बढ़ते वायु और ध्वनि प्रदूषण को कम करने के साथ लोगों की सुरक्षा को ध्यान में रखते हुए लिया है। खास बात यह है कि तय समय में भी सभी तरह के पटाखे नहीं जलाए जा सकेंगे। लोगों को केवल प्रमाणित ग्रीन पटाखों का ही इस्तेमाल करना होगा। सामान्य और प्रतिबंधित पटाखे जलाने की इजाजत नहीं होगी।
कर्नाटक के मंत्री रामलिंगा रेड्डी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर सरकार के दिशा निर्देश साझा किए हैं। उन्होंने बताया कि जिला प्रशासन और पुलिस समेत सभी संबंधित विभागों को इन नियमों का सख्ती से पालन कराने को कहा गया है। पटाखों के पैकेट पर ग्रीन क्रैकर का निशान और क्यूआर कोड होना जरूरी होगा। अधिकारी इनकी जांच करेंगे और नियमों के खिलाफ मिलने वाले पटाखों को जब्त कर सकते हैं।
सरकार ने अस्पतालों और स्कूलों के आसपास पटाखे जलाने पर भी सख्ती दिखाई है। लोगों से अपील की गई है कि आतिशबाजी करते समय बच्चों और बुजुर्गों के साथ आवारा पशुओं का भी ध्यान रखें।
इसके अलावा पटाखों की दुकानों और गोदामों की जांच की जाएगी। बिना अनुमति बिक्री करने वालों पर कार्रवाई होगी। प्रतिबंधित पटाखों को राज्य में आने से रोकने के लिए सीमावर्ती इलाकों में भी निगरानी बढ़ाई जाएगी।
नियमों की जानकारी लोगों तक पहुंचाने के लिए रेलवे स्टेशन, मेट्रो स्टेशन, बस अड्डों और मॉल में जागरूकता अभियान चलेंगे। पोस्टर और दूसरे प्रचार माध्यमों से भी लोगों को बताया जाएगा कि कर्नाटक में दिवाली पर पटाखे जलाने के नियमों का पालन करना जरूरी है।
सरकार की कोशिश है कि लोग त्योहार की खुशियां मनाएं लेकिन इससे पर्यावरण और दूसरों की सेहत को नुकसान न पहुंचे।
