
भारतीय कुश्ती महासंघ (WFI) ने पहलवान विनेश फोगाट को अनुशासनहीनता और डोपिंग विरोधी नियमों के कथित उल्लंघन के आरोपों में शो-कॉज नोटिस जारी किया है। महासंघ ने अपने 15 पन्नों के नोटिस में उन्हें जून 2026 तक घरेलू प्रतियोगिताओं में भाग लेने के लिए अयोग्य घोषित कर दिया है। WFI ने विनेश से तय समय सीमा के भीतर जवाब देने को कहा है, अन्यथा आगे और कड़ी अनुशासनात्मक कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
नियमों के उल्लंघन का आरोप
WFI के अनुसार विनेश फोगाट ने संन्यास से वापसी की प्रक्रिया के दौरान आवश्यक छह महीने की पूर्व सूचना नहीं दी, जो यूनाइटेड वर्ल्ड रेसलिंग (UWW) और एंटी-डोपिंग नियमों का उल्लंघन माना गया है। महासंघ का कहना है कि खिलाड़ी को वापसी से पहले निर्धारित अवधि तक डोपिंग टेस्टिंग सिस्टम में उपलब्ध रहना अनिवार्य होता है, जिसका पालन नहीं किया गया। इसी कारण उनके खिलाफ यह कार्रवाई की गई है।

महासंघ का गंभीर आरोप
WFI ने यह भी दावा किया है कि विनेश के व्यवहार से भारतीय कुश्ती की छवि को नुकसान पहुंचा है और राष्ट्रीय स्तर पर शर्मिंदगी हुई है। महासंघ ने साफ किया है कि यह मामला केवल अनुशासन का नहीं बल्कि अंतरराष्ट्रीय खेल नियमों के पालन से जुड़ा हुआ है, इसलिए इसे गंभीरता से लिया जा रहा है।
पृष्ठभूमि और पहले का विवाद
विनेश फोगाट पहले भी चर्चाओं में रही हैं, जब उन्होंने 2023 में WFI के तत्कालीन अध्यक्ष बृजभूषण शरण सिंह पर गंभीर आरोप लगाए थे। उस समय कई महिला पहलवानों ने जंतर-मंतर पर प्रदर्शन किया था। इस पूरे मामले ने खेल प्रशासन, महिला सुरक्षा और सत्ता के दुरुपयोग जैसे मुद्दों को राष्ट्रीय बहस का विषय बना दिया था। अब WFI की ताजा कार्रवाई के बाद एक बार फिर भारतीय कुश्ती का माहौल गरमा गया है।
