टेक्नॉलॉजी
OnePlus ने फिर दिखाया अपना जलवा! Android 16 अपडेट के साथ यूज़र्स को मिलेगा नया अनुभव
यदि आपके पास OnePlus स्मार्टफोन है तो आपके लिए एक अच्छी खबर है। OnePlus यूज़र्स को जल्द ही एक नया अनुभव मिलने वाला है। दरअसल Google के नए Android संस्करण के आधार पर OnePlus स्मार्टफोन के लिए Android 16 अपडेट मिलना शुरू हो गया है। इस अपडेट का बीटा संस्करण अब कुछ चुनिंदा डिवाइसेज़ पर रोल आउट किया गया है।
OnePlus ने जारी किया Android 16 का बीटा अपडेट
OnePlus यूज़र्स को Android 16 का अपडेट अब कुछ चुनिंदा स्मार्टफोन्स के लिए मिल रहा है। यह बीटा संस्करण है और कंपनी इसे धीरे-धीरे अपने उपयोगकर्ताओं तक पहुंचा रही है। अगर आपका डिवाइस इस लिस्ट में है तो आप भी जल्द ही Android 16 के नए फीचर्स का अनुभव कर पाएंगे।
OnePlus के अपडेट के लिए कुछ डिवाइसेज़ की लिस्ट
OnePlus के स्मार्टफोन्स में Android 16 बीटा अपडेट की शुरुआत हो चुकी है। जिन डिवाइसेज़ को यह अपडेट मिल रहा है उनमें OnePlus 13, OnePlus 13R, OnePlus 13T, OnePlus 12, OnePlus 11 और OnePlus Nord जैसे मॉडल शामिल हैं। इन स्मार्टफोन्स के यूज़र्स जून 2025 तक इस अपडेट के फाइनल वर्शन का भी आनंद ले सकेंगे।

OnePlus का ध्यान यूज़र्स की सुरक्षा पर
OnePlus सिर्फ नए फीचर्स पर ही ध्यान नहीं देता बल्कि यह अपने यूज़र्स की सुरक्षा का भी ख्याल रखता है। कंपनी अपने फ्लैगशिप स्मार्टफोन्स के लिए 4 साल तक Android अपडेट्स देती है और सुरक्षा पैच भी 5 साल तक उपलब्ध कराती है। इसके अलावा, मिड-रेंज स्मार्टफोन्स के लिए अपडेट्स तीन साल तक मिलते हैं।
OnePlus का तेज़ अपडेट रॉलआउट
OnePlus हमेशा अपने यूज़र्स को जल्द से जल्द नया अपडेट देने के लिए जानी जाती है। कंपनी ने Android 15 को फरवरी 2025 तक अपने सभी स्मार्टफोन्स पर रोल आउट कर दिया था जबकि बहुत से अन्य ब्रांड्स अब भी Android 14 पर काम कर रहे हैं। इस तेज़ी से अपडेट्स जारी करने के कारण OnePlus को यूज़र्स का खूब समर्थन मिलता है।
टेक्नॉलॉजी
Microsoft AI चीफ का बड़ा दावा, पांच साल में हर इंसान के पास AI साथी
टेक्नॉलॉजी
Elon Musk ने एप्पल-गूगल साझेदारी पर किया भड़काऊ हमला, कहा ये है अनुचित शक्ति केंद्रीकरण
टेक्नोलॉजी जगत में एक बार फिर बड़ा विवाद छिड़ गया है। टेस्ला और xAI के संस्थापक Elon Musk ने एप्पल और गूगल के बीच हाल ही में हुई साझेदारी पर कड़ी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इस गठजोड़ को “अनुचित शक्ति का केंद्रीकरण” करार दिया है। यह साझेदारी iPhone के वॉइस असिस्टेंट सिरी में गूगल के AI असिस्टेंट को शामिल करने को लेकर है। मस्क का कहना है कि गूगल पहले से ही एंड्रॉइड और क्रोम जैसी बड़ी प्लेटफॉर्म्स का मालिक है, ऐसे में एप्पल का AI गूगल को सौंपना उसकी ताकत को असहज रूप से बढ़ाएगा। उन्होंने इसे पूरी इंडस्ट्री के लिए नुकसानदेह भी बताया है।
Elon Musk की तीखी प्रतिक्रिया और xAI कंपनी की स्थिति
Elon Musk ने गूगल की इस साझेदारी की घोषणा के बाद X (पूर्व में ट्विटर) पर अपनी तीखी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने स्पष्ट किया कि गूगल के पास पहले से ही कई बड़े प्लेटफॉर्म हैं और एप्पल का AI भी उन्हें देना सही नहीं होगा। इससे टेक्नोलॉजी में एकाधिकार की समस्या और बढ़ेगी। यह ध्यान देने वाली बात है कि मस्क की अपनी AI कंपनी xAI भी AI के क्षेत्र में सक्रिय है। xAI ने कुछ साल पहले एजेंटिक AI Grok को लॉन्च किया था, जो AI वर्चुअल असिस्टेंट के तौर पर काम करता है। इसी वजह से मस्क के लिए यह गठजोड़ एक प्रतिद्वंद्वी की ताकत को बढ़ाने जैसा लग रहा है।
This seems like an unreasonable concentration of power for Google, given that the also have Android and Chrome
— Elon Musk (@elonmusk) January 12, 2026
Grok पर चल रहे विवाद और कानूनी झगड़े
Elon Musk की कंपनी xAI और एप्पल के बीच पहले से ही विवाद जारी है। मस्क ने एप्पल और OpenAI पर मुकदमा दायर किया है जिसमें उन्होंने Apple App Store की नीतियों को Grok के लिए हानिकारक बताया है। वहीं Grok AI को लेकर कई देशों में भी विवाद उठे हैं। इंडोनेशिया और मलेशिया ने Grok को अश्लील और आपत्तिजनक कंटेंट जनरेट करने के आरोप में बैन कर दिया है। भारत और यूरोपीय यूनियन की सरकारों ने भी Grok की कार्यप्रणाली पर आपत्ति जताई है। भारत सरकार की IT मंत्रालय ने Grok से हानिकारक कंटेंट हटाने के आदेश जारी किए, जिनका पालन xAI ने किया।
एप्पल-गूगल साझेदारी से iPhone यूजर्स को होंगे फायदे
जहां एक ओर यह साझेदारी विवादों का विषय बनी हुई है, वहीं लाखों iPhone यूजर्स के लिए यह एक बड़ी सुविधा साबित होगी। गूगल जेमिनी AI के सपोर्ट से सिरी पहले से भी ज्यादा स्मार्ट और सक्षम बन जाएगा। यूजर्स अब सिरी के जरिए कई नई सुविधाओं का लाभ उठा सकेंगे जैसे कि लाइव ट्रांसलेशन और बेहतर वॉइस कमांड। यह अपडेट iPhone, iPad और एप्पल के अन्य डिवाइसेज में उपलब्ध होगा। रिपोर्ट्स के अनुसार, एप्पल इस साझेदारी के लिए गूगल को हर साल लगभग 1 बिलियन डॉलर की राशि देगा। इससे दोनों टेक दिग्गजों को अपने AI क्षेत्र को मजबूत करने में मदद मिलेगी, लेकिन एलन मस्क जैसे विशेषज्ञों की चिंता भी बढ़ेगी कि कहीं इस गठजोड़ से बाजार में असंतुलन न पैदा हो जाए।
टेक्नॉलॉजी
Realme Neo 8 के स्पेसिफिकेशन्स लीक, 80W चार्जिंग और 3D इन-डिस्प्ले फिंगरप्रिंट के साथ
-
Fashion9 years ago
These ’90s fashion trends are making a comeback in 2017
-
Fashion9 years ago
According to Dior Couture, this taboo fashion accessory is back
-
मनोरंजन9 years ago
The old and New Edition cast comes together to perform
-
Sports9 years ago
Phillies’ Aaron Altherr makes mind-boggling barehanded play
-
Sports9 years ago
Steph Curry finally got the contract he deserves from the Warriors
-
मनोरंजन9 years ago
Disney’s live-action Aladdin finally finds its stars
-
Business9 years ago
Uber and Lyft are finally available in all of New York State
-
Business9 years ago
The 9 worst mistakes you can ever make at work
