Shubman Gill जो कुछ समय पहले तक भारत की टी20 टीम के उपकप्तान थे, अब उस टीम से बाहर हो चुके हैं। उन्हें टी20 इंटरनेशनल में कई मौके मिले, लेकिन वे खुद को उम्मीद के मुताबिक साबित नहीं कर पाए। गिल के बल्ले से रन नहीं निकले और उनकी फॉर्म पर सवाल उठने लगे। अब तो घरेलू क्रिकेट में भी उनके प्रदर्शन में गिरावट देखने को मिल रही है। हाल ही में रणजी ट्रॉफी के एक मैच में वे बिना कोई रन बनाए दो गेंद खेलने के बाद आउट हो गए। इससे साफ है कि गिल का बल्ला फिलहाल चलता नजर नहीं आ रहा है और उनकी खेल में परेशानी लगातार बढ़ती जा रही है।
वनडे सीरीज में भी नहीं कर पाए प्रभावित
भारत और न्यूजीलैंड के बीच हाल ही में खेली गई वनडे सीरीज में शुभमन गिल ने कुछ मैचों में अच्छी शुरुआत जरूर की, लेकिन वे उसे बड़े स्कोर में तब्दील नहीं कर पाए। टीम को भी इस सीरीज में हार का सामना करना पड़ा था। अब जबकि भारत और न्यूजीलैंड के बीच टी20 सीरीज जारी है, गिल को इस बार टीम में जगह नहीं मिली है। इस कारण उन्होंने मौका देखकर घरेलू क्रिकेट में वापसी की कोशिश की और रणजी ट्रॉफी के मैच में खेलने पहुंचे। लेकिन वहां भी उनका बल्ला चलने के बजाय निराशाजनक प्रदर्शन ही किया।

पंजाब टीम के कप्तान के रूप में कप्तानी की जिम्मेदारी
रणजी ट्रॉफी में पंजाब की टीम की कप्तानी शुभमन गिल के हाथों में है। गुरुवार को विदर्भ के खिलाफ मैच में पहले नमन धीर कप्तान थे, लेकिन गिल की उपलब्धता के बाद कप्तानी उन्हें सौंप दी गई। पंजाब की टीम की बल्लेबाजी जल्दी ही शुरू हुई, क्योंकि सौराष्ट्र की टीम पहले बल्लेबाजी करते हुए केवल 172 रन बना सकी। गिल नंबर 5 पर बल्लेबाजी के लिए आए, लेकिन शुरुआती विकेट जल्दी गिरने की वजह से उनका बल्लेबाजी क्रम जल्दी आ गया। इस मैच में गिल से एक बड़ी पारी की उम्मीद थी, खासतौर पर रणजी ट्रॉफी जैसे टेस्ट फॉर्मेट में, जहां बल्लेबाजों को समय लेकर खेलना होता है।
दो गेंद पर शून्य रन पर आउट और फॉर्म की गिरावट
गिल का प्रदर्शन रणजी ट्रॉफी में निराशाजनक रहा, वे केवल दो गेंद खेल पाए और बिना कोई रन बनाए आउट हो गए। इससे पंजाब की टीम को एक बड़ा झटका लगा। पिछले कुछ समय से गिल के बल्ले से रन नहीं निकल रहे हैं, चाहे वो टेस्ट हो, वनडे हो या टी20। वनडे सीरीज से पहले वे विजय हजारे ट्रॉफी में भी सस्ते में आउट हुए थे। यह साफ संकेत है कि शुभमन गिल अपने अच्छे दौर से काफी दूर हैं। उनके फॉर्म में सुधार की जरूरत है, नहीं तो टीम इंडिया में उनका स्थान लंबे समय तक सुरक्षित नहीं रहेगा। फैंस और विशेषज्ञ अब इंतजार कर रहे हैं कि गिल कब अपने खेल को पटरी पर लाते हैं और फिर से टीम के लिए धमाकेदार प्रदर्शन करते नजर आते हैं।