Connect with us

व्यापार

Stock Market: 1 रुपये का शेयर अब 98 रुपये! जानिए Colab Platform Limited ने निवेशकों को कैसे बनाया करोड़पति

Published

on

Stock Market: 1 रुपये का शेयर अब 98 रुपये! जानिए Colab Platform Limited ने निवेशकों को कैसे बनाया करोड़पति

Stock Market में निवेश हमेशा जोखिम भरा होता है। कभी बाजार तेजी दिखाता है तो कभी गिरावट, और इस उतार-चढ़ाव का असर निवेशकों की जेब पर पड़ता है। वैश्विक तनाव, आर्थिक नीतियाँ और अंतरराष्ट्रीय घटनाएं बाजार को प्रभावित करती हैं। हाल ही में, ट्रंप के विभिन्न देशों पर टैरिफ लगाने के फैसले ने भी बाजार में हलचल पैदा की थी। ऐसे समय में कुछ स्टॉक्स ऐसे भी हैं जो न केवल लगातार बढ़ रहे हैं बल्कि निवेशकों की उम्मीदों पर खरा उतर रहे हैं। ऐसे ही एक स्टॉक ने पिछले पांच वर्षों में निवेशकों की जेबें भर दी।

पिछले 60 दिनों का रुझान

पिछले ट्रेडिंग दिन में बाजार में जोरदार तेजी देखी गई। सेंसेक्स 81,904.70 के स्तर पर बंद हुआ, जिसमें 355.97 अंक की बढ़त दर्ज की गई। इसी दौरान कई बड़ी और छोटी कंपनियों के शेयरों में तेजी रही। इनमें से एक कंपनी का शेयर लगातार 60 दिनों से बढ़ रहा है। इस स्टॉक की कीमत में लगभग 2 प्रतिशत की वृद्धि हुई और यह 98.73 रुपये पर बंद हुआ। निवेशकों के लिए यह स्टॉक न केवल सुरक्षा का प्रतीक बना बल्कि लगातार लाभ का साधन भी।

Stock Market: 1 रुपये का शेयर अब 98 रुपये! जानिए Colab Platform Limited ने निवेशकों को कैसे बनाया करोड़पति

Colab Platform Limited: 5 साल में 9000% रिटर्न

यह स्टॉक है Colab Platform Limited। पांच साल पहले इस कंपनी का शेयर लगभग 1 रुपये में ट्रेड करता था। पिछले शुक्रवार तक यह 98.73 रुपये तक पहुंच चुका है, जिससे निवेशकों को 8,957.80 प्रतिशत का बंपर रिटर्न मिला। इस स्टॉक ने निवेशकों की उम्मीदों पर खरा उतरते हुए उन्हें मल्टीबैगर लाभ दिया। बाजार की उथल-पुथल के बीच भी इस स्टॉक ने स्थिरता और निरंतरता दिखाई।

कंपनी का काम और विस्तार

Colab Platform Limited एक भारतीय तकनीकी और डिजिटल कंपनी है जो स्पोर्ट्स, गेमिंग और ई-स्पोर्ट्स पर केंद्रित है। पहले इसका नाम JSG Leasing Limited था और यह 1989 में स्थापित हुई थी। कंपनी का उद्देश्य नवीनतम तकनीक और इंफ्रास्ट्रक्चर के जरिए एथलीट, टीम और फैंस के लिए खेलों के इकोसिस्टम में सुधार करना है। कंपनी ने भारत के तेजी से बढ़ते ई-स्पोर्ट्स बाजार में अपनी जगह बनाई है और इसका विशेष ई-स्पोर्ट्स प्लेटफॉर्म www.colabesports.in इस दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रहा है।

निवेशकों के लिए अवसर और भविष्य

Colab Platform Limited के लगातार प्रदर्शन और मल्टीबैगर रिटर्न ने निवेशकों को आकर्षित किया है। तकनीक और डिजिटल गेमिंग में कंपनी की विशेषज्ञता और बढ़ती मांग इसे भविष्य में भी निवेश के लिए आकर्षक विकल्प बनाती है। अगर निवेशक लंबे समय के लिए सोचते हैं, तो यह स्टॉक उनकी पोर्टफोलियो में स्थिर और लाभदायक वृद्धि का माध्यम बन सकता है। ऐसे स्टॉक्स बाजार की अनिश्चितता में भी भरोसा और अवसर देते हैं।

Continue Reading
Click to comment

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Business

Silver Price Predictions: चांदी की कीमतों में हो सकता है जबरदस्त उछाल, 2026 तक 200 डॉलर प्रति औंस!

Published

on

Silver Price Predictions: चांदी की कीमतों में हो सकता है जबरदस्त उछाल, 2026 तक 200 डॉलर प्रति औंस!

Silver Price Predictions: वर्तमान वैश्विक राजनीतिक तनाव और आर्थिक अनिश्चितता के दौर में निवेशकों का ध्यान खासतौर पर सोने और चांदी की ओर गया है। जहां शेयर बाजार में उतार-चढ़ाव और गिरावट की स्थिति बनी हुई है, वहीं सोने और चांदी की कीमतें लगातार बढ़ रही हैं। इस बीच वित्तीय विशेषज्ञों का मानना है कि आने वाले समय में चांदी की भूमिका और भी महत्वपूर्ण हो जाएगी। प्रसिद्ध वित्तीय लेखक रॉबर्ट कियोस्की ने भी सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर चांदी के महत्व को बढ़ाते हुए कहा है कि आज के तकनीकी युग में चांदी का महत्त्व सोने से भी अधिक हो गया है। वे इसे आधुनिक तकनीक की रीढ़ मानते हैं, जैसे औद्योगिक युग में लोहे का था।

चांदी के दामों में उछाल की संभावनाएं

कियोस्की ने बताया कि चांदी की कीमतें पिछले दशकों में लगातार बढ़ रही हैं। उदाहरण के तौर पर, 1990 में चांदी की कीमत लगभग 5 डॉलर प्रति औंस थी, जो अब 2026 तक बढ़कर लगभग 92 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच चुकी है। उन्होंने भविष्यवाणी की है कि आने वाले समय में चांदी के दाम 200 डॉलर प्रति औंस तक भी पहुंच सकते हैं। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि यह अनुमान गलत भी हो सकता है, लेकिन इसके संभावित उछाल को नजरअंदाज नहीं किया जा सकता। यह तेजी निवेशकों के बीच एक नई उम्मीद जगाती है कि चांदी अब सिर्फ कीमती धातु नहीं, बल्कि एक महत्वपूर्ण तकनीकी धातु बन चुकी है।

चांदी की कीमत बढ़ने के पीछे कारण

चांदी की कीमतों में तेजी के कई अहम कारण हैं। सबसे पहला कारण यह है कि निवेशक इसे सुरक्षित निवेश के रूप में तेजी से अपना रहे हैं। इसके अलावा चांदी की सप्लाई सीमित होती जा रही है, जबकि इलेक्ट्रिक व्हीकल्स, सोलर पैनल, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) सर्वर जैसी आधुनिक तकनीकों में इसकी मांग तेजी से बढ़ रही है। भू-राजनीतिक अनिश्चितता और वैश्विक बाजारों में बढ़ता डर भी चांदी की कीमतों को ऊपर धकेल रहा है। इसके अलावा, भारतीय रुपये की कमजोरी भी घरेलू बाजार में चांदी की कीमतों को प्रभावित कर रही है। वर्तमान में अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी की कीमत लगभग 95 डॉलर प्रति औंस तक पहुंच चुकी है, जबकि भारत में यह 3.34 लाख रुपये प्रति किलो के करीब चल रही है।

सोना या चांदी – निवेशकों के लिए बेहतर विकल्प?

बाजार में चांदी के साथ-साथ सोने की कीमतें भी रिकॉर्ड स्तर पर बनी हुई हैं। एमसीएक्स पर 24 कैरेट सोना 10 ग्राम के लिए 1.51 लाख रुपये के पार पहुंच चुका है। विशेषज्ञों का मानना है कि सोने की कीमतों में और बढ़ोतरी हो सकती है, लेकिन चांदी की चमक उससे कहीं ज्यादा तेज हो सकती है। चांदी तकनीकी जरूरतों में बढ़ती मांग के कारण निवेशकों के लिए एक आकर्षक विकल्प बन रही है। ऐसे में निवेशकों के बीच चर्चा तेज हो गई है कि आने वाले समय में चांदी सोने से भी बेहतर निवेश साबित हो सकती है। बाजार के उतार-चढ़ाव और आर्थिक अनिश्चितता के बीच, यह धातु निवेश को सुरक्षित और लाभकारी बनाने में मदद कर सकती है।

Continue Reading

व्यापार

Share Market Today: शुक्रवार को बाजार में तेजी, सेंसेक्स निफ्टी मजबूत, निवेशकों की नजर 26020 स्तर

Published

on

Share Market Today: शुक्रवार को बाजार में तेजी, सेंसेक्स निफ्टी मजबूत, निवेशकों की नजर 26020 स्तर

Share Market Today: शुक्रवार 16 जनवरी को सप्ताह के आखिरी कारोबारी दिन भारतीय शेयर बाजार ने सकारात्मक रुख के साथ शुरुआत की। बाजार खुलते ही निवेशकों का भरोसा मजबूत नजर आया और प्रमुख सूचकांक हरे निशान में दिखे। सेंसेक्स 288 अंकों की बढ़त के साथ 83670.80 के स्तर पर खुला जबकि निफ्टी 50 ने 30 अंकों की मजबूती के साथ 25696 के आसपास कारोबार शुरू किया। शुरुआती कारोबार में बैंकिंग आईटी और ऑटो सेक्टर के शेयरों में खरीदारी देखने को मिली जिससे बाजार की चाल को समर्थन मिला। निवेशकों को उम्मीद दिखी कि बीते कुछ सत्रों की कमजोरी के बाद अब बाजार में स्थिरता लौट सकती है और शॉर्ट टर्म में रिकवरी का सिलसिला आगे बढ़ सकता है।

दिन चढ़ने के साथ तेज हुई तेजी और तकनीकी संकेत

सुबह 10 बजे तक सेंसेक्स 711.44 अंक यानी 0.82 प्रतिशत की तेजी के साथ 84068.53 के स्तर पर पहुंच गया। वहीं निफ्टी 50 भी 195.55 अंक यानी 0.76 प्रतिशत चढ़कर 25861.15 पर कारोबार करता दिखा। 11 बजे तक इंट्राडे कारोबार में सेंसेक्स 800 अंकों से ज्यादा मजबूत हो गया और निफ्टी 25800 के आसपास टिक गया। बाजार विशेषज्ञों का मानना है कि तकनीकी स्तरों पर मजबूती दिख रही है। जियोजित इन्वेस्टमेंट्स के चीफ मार्केट स्ट्रैटेजिस्ट आनंद जेम्स के अनुसार 25600 का सपोर्ट निफ्टी के लिए अहम साबित हुआ है। इसी वजह से रिकवरी पैटर्न मजबूत होता दिख रहा है। हालांकि उनका यह भी कहना है कि निफ्टी को 26020 की ओर बढ़ने के लिए 25715 के ऊपर टिके रहना जरूरी होगा। अगर बाजार इस स्तर से नीचे फिसलता है तो गिरावट का खतरा भी बना रह सकता है।

वैश्विक बाजारों से मिले मिश्रित संकेत

शुक्रवार को एशिया पैसिफिक बाजारों से मिले संकेत मिले जुले रहे। जापान का निक्केई 225 करीब 0.41 प्रतिशत गिरा जबकि टोपिक्स में 0.42 प्रतिशत की कमजोरी रही। दक्षिण कोरिया का कोस्पी 0.3 प्रतिशत चढ़ा लेकिन कोसडैक में 0.21 प्रतिशत की गिरावट दर्ज की गई। ऑस्ट्रेलिया का एसएंडपी एएसएक्स 200 इंडेक्स 0.22 प्रतिशत की तेजी के साथ कारोबार करता दिखा। वहीं अमेरिका के बाजारों से सकारात्मक संकेत मिले। 15 जनवरी को डॉव जोंस इंडस्ट्रियल एवरेज 0.60 प्रतिशत चढ़कर बंद हुआ। एसएंडपी 500 में 0.26 प्रतिशत और नैस्डैक कंपोजिट में 0.25 प्रतिशत की बढ़त दर्ज की गई। इन वैश्विक संकेतों ने भारतीय बाजार की शुरुआत को मजबूती देने में अहम भूमिका निभाई।

डॉलर इंडेक्स और एफआईआई डीआईआई की भूमिका

शुक्रवार सुबह अमेरिकी डॉलर इंडेक्स 0.04 प्रतिशत की मामूली तेजी के साथ 98.39 पर कारोबार करता दिखा। यह इंडेक्स डॉलर की मजबूती को छह प्रमुख विदेशी मुद्राओं के मुकाबले मापता है। इसी बीच 14 जनवरी को भारतीय रुपया डॉलर के मुकाबले 0.10 प्रतिशत मजबूत होकर 90.29 पर बंद हुआ था। विदेशी निवेशकों की बात करें तो वे अभी भी भारतीय शेयर बाजार से दूरी बनाए हुए हैं। 14 जनवरी को विदेशी संस्थागत निवेशकों ने करीब 4781 करोड़ रुपये के शेयरों की बिकवाली की। इसके उलट घरेलू संस्थागत निवेशकों ने 5217 करोड़ रुपये की शुद्ध खरीदारी की। बाजार जानकारों का मानना है कि फिलहाल घरेलू निवेशकों की मजबूत भागीदारी ही बाजार को सहारा दे रही है। आने वाले दिनों में वैश्विक संकेतों और विदेशी निवेशकों की रणनीति पर बाजार की दिशा काफी हद तक निर्भर करेगी।

Continue Reading

व्यापार

TCS Dividend Announcement: शेयरधारकों के लिए आज आखिरी मौका, जल्द करें निवेश और डिविडेंड पाएं

Published

on

TCS Dividend Announcement: शेयरधारकों के लिए आज आखिरी मौका, जल्द करें निवेश और डिविडेंड पाएं

TCS Dividend Announcement: भारतीय शेयर बाजार में निवेश करने वाले उन लोगों के लिए जो लाभांश आय पर खास नजर रखते हैं, टाटा समूह की आईटी कंपनी टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (TCS) ने एक बड़ा एलान किया है। कंपनी ने अपने शेयरधारकों में मुनाफा बांटने का फैसला लिया है और तीसरा अंतरिम लाभांश के साथ-साथ एक विशेष लाभांश भी घोषित किया है। निवेशकों के लिए यह मौका आज अंतिम है, क्योंकि इन्हीं दोनों लाभांशों का लाभ पाने का आज आखिरी दिन है। TCS ने प्रति शेयर 11 रुपये का तीसरा अंतरिम लाभांश और 46 रुपये का विशेष लाभांश घोषित किया है। यानी कुल मिलाकर हर शेयरधारक को 57 रुपये प्रति शेयर का लाभ मिलेगा।

निवेशकों के लिए महत्वपूर्ण तारीखें

TCS ने लाभांश पाने के लिए 17 जनवरी 2026 को रिकॉर्ड डेट तय की है। इसका मतलब यह है कि जो भी निवेशक इस तारीख तक कंपनी के शेयरधारक रिकॉर्ड में नाम दर्ज करा लेगा, वह लाभांश पाने का हकदार होगा। सामान्य तौर पर निवेशकों के पास रिकॉर्ड डेट से एक दिन पहले तक शेयर खरीदने का समय होता है। लेकिन इस बार स्थिति थोड़ी अलग है क्योंकि महाराष्ट्र नगर निगम चुनावों के कारण बाजार 15 जनवरी को बंद रहेगा। इसलिए निवेशकों के पास केवल 14 जनवरी तक TCS के शेयर खरीदने का मौका है ताकि वे लाभांश के हकदार बन सकें।

लाभांश भुगतान की तारीख और शेयर की स्थिति

TCS अपने पात्र शेयरधारकों को 3 फरवरी 2026 को लाभांश का भुगतान करेगा। वहीं, शेयर बाजार में कंपनी के शेयरों का प्रदर्शन भी निवेशकों के लिए अहम है। 14 जनवरी, बुधवार को दोपहर करीब 1:40 बजे BSE में कंपनी के शेयर 2.23 प्रतिशत यानी 73 रुपये गिरकर 3194.60 रुपये पर ट्रेड कर रहे थे। दिन की शुरुआत में शेयर की कीमत 3264.95 रुपये थी। इन्ट्राडे ट्रेडिंग के दौरान यह शेयर 3264.95 रुपये के उच्च स्तर तक पहुंचा था।

TCS के शेयरों का पिछले एक साल का रुझान

TCS के शेयरों ने पिछले 52 हफ्तों में सबसे ऊंचा स्तर 4315.95 रुपये और सबसे निचला स्तर 2867.55 रुपये देखा है। कंपनी के इस प्रदर्शन को देखते हुए निवेशकों में लाभांश की घोषणा को लेकर उत्साह बना हुआ है। इस लाभांश के जरिए कंपनी ने अपने निवेशकों को मुनाफा बांटने की अपनी प्रतिबद्धता को दोहराया है। TCS का यह कदम निवेशकों के लिए आकर्षण का केंद्र बना हुआ है और यह कंपनी के मजबूत वित्तीय स्वास्थ्य का संकेत भी देता है। यदि आप भी TCS के शेयरधारक हैं तो इस लाभांश का पूरा फायदा उठाना आपके लिए जरूरी है।

Continue Reading

Trending