भारतीय क्रिकेट टीम के विकेटकीपर बल्लेबाज Sanju Samson के लिए आईसीसी टी20 विश्व कप 2026 किसी रोलर कोस्टर से कम नहीं रहा। टूर्नामेंट की शुरुआत में उन्हें प्लेइंग इलेवन में जगह नहीं मिली और वे शुरुआती मैचों में बाहर बैठे रहे। हालांकि जब उन्हें मौका मिला तो शुरुआत में उनका प्रदर्शन साधारण रहा। लेकिन जैसे जैसे टूर्नामेंट आगे बढ़ा संजू ने अपने खेल से सबको चौंका दिया। अब उनके इसी शानदार प्रदर्शन का इनाम उन्हें ICC प्लेयर ऑफ द मंथ के लिए नॉमिनेशन के रूप में मिला है।
नॉकआउट मुकाबलों में दिखा असली दम
संजू सैमसन का असली जलवा टी20 विश्व कप के नॉकआउट मुकाबलों में देखने को मिला। वेस्टइंडीज के खिलाफ करो या मरो के मैच में उन्होंने 97 रन की नाबाद पारी खेली और टीम को सेमीफाइनल तक पहुंचाने में अहम भूमिका निभाई। इसके बाद इंग्लैंड के खिलाफ सेमीफाइनल में उन्होंने 89 रन की बेहतरीन पारी खेली। फाइनल में न्यूजीलैंड के खिलाफ भी उनका बल्ला जमकर बोला और उन्होंने एक और 89 रन की शानदार पारी खेली। लगातार तीन नॉकआउट मैचों में अर्धशतक लगाने का यह कारनामा उनके करियर के लिए बेहद खास रहा और इसी वजह से उन्हें प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट भी चुना गया।
मार्च महीने में रहा दबदबा
अगर सिर्फ मार्च महीने के प्रदर्शन की बात करें तो संजू सैमसन का प्रदर्शन बेहद शानदार रहा। उन्होंने इस दौरान 137.50 के औसत और 199.27 के स्ट्राइक रेट से कुल 275 रन बनाए। यह आंकड़े दिखाते हैं कि उन्होंने किस तरह आक्रामक और जिम्मेदार बल्लेबाजी का बेहतरीन संतुलन दिखाया। इसी दमदार प्रदर्शन के चलते आईसीसी ने उन्हें मार्च महीने के प्लेयर ऑफ द मंथ के लिए नामित किया है। उनकी यह उपलब्धि न सिर्फ उनके करियर के लिए बल्कि भारतीय क्रिकेट के लिए भी गर्व का विषय है।
बुमराह और एस्टरहुइजन से कड़ी टक्कर
संजू सैमसन को इस अवॉर्ड के लिए कड़ी प्रतिस्पर्धा का सामना करना पड़ रहा है। भारतीय टीम के तेज गेंदबाज Jasprit Bumrah भी इस रेस में शामिल हैं, जिन्होंने पूरे टूर्नामेंट में शानदार गेंदबाजी की। खासकर फाइनल में उन्होंने चार ओवर में केवल 15 रन देकर चार विकेट लिए, जो मैच का टर्निंग पॉइंट साबित हुआ। इसके अलावा साउथ अफ्रीका के Conor Esterhuizen भी इस दौड़ में शामिल हैं, जिन्होंने मार्च में शानदार प्रदर्शन किया। अब देखना दिलचस्प होगा कि इन तीनों में से कौन ICC प्लेयर ऑफ द मंथ का खिताब अपने नाम करता है।