Rohit Sharma ने टॉस गंवाया: आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी 2025 में भारतीय क्रिकेट टीम ने अपना अभियान बांग्लादेश के खिलाफ शुरू किया। ग्रुप-ए का यह दूसरा मुकाबला दुबई के मैदान पर खेला जा रहा है, जिसमें बांग्लादेश के कप्तान नजमुल हुसैन शांतो ने टॉस जीतकर पहले बल्लेबाजी करने का फैसला किया। इस मैच में भारतीय टीम ने युवा तेज गेंदबाज हर्षित राणा को प्लेइंग 11 में शामिल किया। भारत को इस टूर्नामेंट का मजबूत दावेदार माना जा रहा है, इसलिए टीम विजयी शुरुआत करना चाहेगी।
हालांकि, इस मैच में भारतीय कप्तान रोहित शर्मा ने जैसे ही टॉस गंवाया, टीम इंडिया एक अनचाहे रिकॉर्ड की बराबरी कर गई। भारत ने लगातार 11वां वनडे मैच टॉस गंवाया है, जिससे वह नीदरलैंड्स के रिकॉर्ड की बराबरी कर चुका है।
लगातार टॉस हारने के मामले में भारत बना नंबर वन
क्रिकेट में टॉस हारना या जीतना पूरी तरह से किस्मत पर निर्भर करता है, लेकिन लगातार कई मैचों में टॉस गंवाना किसी भी टीम के लिए एक अनचाहा रिकॉर्ड होता है। वनडे क्रिकेट में सबसे ज्यादा लगातार टॉस हारने का रिकॉर्ड अब तक नीदरलैंड्स के नाम था, लेकिन अब भारत ने भी इस सूची में शीर्ष स्थान हासिल कर लिया है।
2023 वनडे वर्ल्ड कप के बाद से टीम इंडिया लगातार 11 वनडे मैचों में टॉस हार चुकी है। बांग्लादेश के खिलाफ चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के इस मुकाबले में रोहित शर्मा ने जैसे ही टॉस गंवाया, भारत ने इस अनचाहे रिकॉर्ड की बराबरी कर ली। इससे पहले नीदरलैंड्स ने मार्च 2011 से अगस्त 2013 के बीच लगातार 11 वनडे मैचों में टॉस गंवाया था।
आईटी वर्ल्ड कप 2023 के बाद लगातार टॉस गंवाने वाली भारतीय टीम
भारत का वनडे क्रिकेट में प्रदर्शन शानदार रहा है, लेकिन 2023 वर्ल्ड कप के बाद से टॉस का फैसला टीम इंडिया के पक्ष में नहीं गया। यह सिलसिला वर्ल्ड कप के बाद खेले गए पहले वनडे से शुरू हुआ और अब चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के पहले मैच तक जारी रहा। लगातार 11 वनडे मैचों में टॉस गंवाने से टीम इंडिया को कई बार मुश्किल परिस्थितियों में खेलना पड़ा है।
भारत की प्लेइंग 11 में तीन स्पिनर्स को मिली जगह
बांग्लादेश के खिलाफ इस महत्वपूर्ण मुकाबले में भारतीय टीम ने तीन स्पिन गेंदबाजों को प्लेइंग 11 में शामिल किया। इसमें कुलदीप यादव, अक्षर पटेल और रवींद्र जडेजा शामिल हैं। यह फैसला दुबई की पिच को ध्यान में रखते हुए लिया गया, जहां स्पिनर्स को मदद मिलने की संभावना रहती है।
तेज गेंदबाजी में हर्षित राणा को पहली बार किसी आईसीसी टूर्नामेंट में खेलने का मौका मिला है। इसके अलावा मोहम्मद सिराज और जसप्रीत बुमराह भारतीय पेस अटैक को मजबूती देंगे।
रोहित शर्मा ने टॉस हारने के बाद जताई निराशा
टॉस के बाद भारतीय कप्तान रोहित शर्मा ने कहा कि वह पहले गेंदबाजी करना चाहते थे, क्योंकि दुबई की पिच पर बाद में बल्लेबाजी करने वाली टीम को फायदा मिलता है। उन्होंने स्वीकार किया कि टॉस हारने से रणनीति पर असर पड़ता है, लेकिन टीम इस चुनौती के लिए तैयार है।
रोहित शर्मा ने कहा, “हम पहले गेंदबाजी करना चाहते थे क्योंकि दूसरी पारी में पिच बल्लेबाजी के लिए बेहतर हो जाती है। हालांकि, यह हमारे नियंत्रण में नहीं है, इसलिए हमें अच्छी गेंदबाजी करनी होगी और लक्ष्य का पीछा करने के लिए तैयार रहना होगा।”
क्या लगातार टॉस हारने से टीम इंडिया पर असर पड़ेगा?
क्रिकेट में टॉस एक महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है, खासकर जब पिच की स्थिति से मैच की दिशा बदल सकती है। लगातार 11 मैचों में टॉस हारने के बावजूद भारतीय टीम ने कई बार दमदार प्रदर्शन किया है, लेकिन कुछ मौकों पर यह टीम के लिए नुकसानदायक भी साबित हुआ है।
पिच और मौसम का प्रभाव: यदि किसी मैच में ओस पड़ने की संभावना हो, तो दूसरी पारी में बल्लेबाजी करने वाली टीम को फायदा मिलता है। ऐसे में टॉस हारकर पहले बल्लेबाजी करने से मुश्किलें बढ़ सकती हैं।
रणनीति पर असर: कई बार टीमें अपनी रणनीति टॉस जीतने के हिसाब से बनाती हैं, लेकिन लगातार टॉस हारने से टीम को रणनीति बदलनी पड़ती है।
खिलाड़ियों की मानसिकता: कई बार टॉस हारने से टीम पर मानसिक दबाव भी पड़ सकता है, खासकर तब जब पहले गेंदबाजी करने की योजना हो और बल्लेबाजी करनी पड़े।
क्या भारतीय टीम इस रिकॉर्ड को तोड़ पाएगी?
अब बड़ा सवाल यह है कि भारतीय टीम इस अनचाहे रिकॉर्ड को कब तोड़ेगी? टीम इंडिया का अगला मुकाबला ग्रुप-ए के अन्य टीमों से होगा, और यह देखना दिलचस्प होगा कि रोहित शर्मा की किस्मत टॉस के मामले में कब बदलती है।
हालांकि, क्रिकेट में जीत-हार का फैसला टॉस पर नहीं बल्कि खिलाड़ियों के प्रदर्शन पर निर्भर करता है। भारतीय टीम की मौजूदा फॉर्म को देखते हुए, ऐसा नहीं लगता कि यह टॉस हारने का सिलसिला उनके खेल पर ज्यादा असर डालेगा। लेकिन फिर भी, रोहित शर्मा और उनके प्रशंसक अब चाहेंगे कि अगली बार सिक्का उनके पक्ष में गिरे।
आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी 2025 में भारतीय टीम ने बांग्लादेश के खिलाफ अपने अभियान की शुरुआत की, लेकिन इस मैच से पहले ही टीम इंडिया एक अनचाहे रिकॉर्ड की बराबरी कर चुकी थी। लगातार 11 वनडे मैचों में टॉस हारने के कारण भारत अब नीदरलैंड्स के बराबर आ चुका है। हालांकि, रोहित शर्मा और उनकी टीम के लिए यह सिर्फ एक संयोग है और वे अपनी जीत की लय को बरकरार रखने की पूरी कोशिश करेंगे।
अब यह देखना होगा कि क्या आगामी मैचों में टीम इंडिया इस रिकॉर्ड से बाहर निकल पाएगी या नहीं। भारतीय प्रशंसक जरूर चाहेंगे कि अगली बार सिक्का रोहित शर्मा के पक्ष में गिरे और यह अनचाहा सिलसिला खत्म हो।