Health Trackers: हेल्थ ट्रैकर्स छोटे लेकिन बेहद स्मार्ट डिवाइस होते हैं, जो आपकी सेहत से जुड़े अलग-अलग पैमानों को मापते हैं। ये डिवाइस फिटनेस बैंड, स्मार्टवॉच, रिंग्स या मोबाइल ऐप्स के रूप में उपलब्ध होते हैं। इनमें लगे सेंसर हार्ट रेट, ऑक्सीजन लेवल, नींद की क्वालिटी, तनाव स्तर, स्टेप काउंट, कैलोरी बर्न, ईसीजी (ECG) आदि को रिकॉर्ड करते हैं। यह डेटा स्मार्टफोन ऐप में स्टोर किया जाता है, जिससे आप अपनी सेहत को बेहतर तरीके से मॉनिटर कर सकते हैं।
हेल्थ ट्रैकर्स के खास फीचर्स
फिटनेस ट्रैकर्स का हार्ट रेट मॉनिटर फीचर दिल की धड़कनों पर नजर रखता है और वर्कआउट, आराम या नींद के दौरान हार्ट रेट बताता है। यह कार्डियो और रनिंग जैसी एक्सरसाइज के लिए उपयोगी होता है। नींद ट्रैकिंग फीचर आपकी गहरी और हल्की नींद को रिकॉर्ड करता है और कुछ एडवांस्ड ट्रैकर्स इसे स्कोर के रूप में भी दिखाते हैं। ऐप्पल वॉच और सैमसंग गैलेक्सी वॉच जैसे डिवाइसेज़ में ईसीजी (ECG) फीचर होता है, जो हार्टबीट का विश्लेषण करके दिल की अनियमितताओं को पकड़ सकता है। इसके अलावा, कुछ ट्रैकर्स आपकी डेली वॉटर इंटेक भी ट्रैक करते हैं, जिससे आप हाइड्रेटेड रह सकें।
स्वास्थ्य को बेहतर बनाने में मददगार
कैलोरी बर्न ट्रैकिंग से आपको यह पता चलता है कि आपकी बेसल मेटाबॉलिक रेट और फिजिकल एक्टिविटी के आधार पर रोज़ कितनी कैलोरी बर्न हो रही है। कुछ स्मार्टवॉच में AI फिटनेस कोचिंग भी होती है, जो आपके एक्सरसाइज और डाइट को बेहतर बनाने में मदद करती है। मूवमेंट रिमाइंडर फीचर लंबे समय तक बैठे रहने पर आपको चलने की याद दिलाता है, जो ऑफिस वर्कर्स के लिए बहुत फायदेमंद होता है। हाई-एंड ट्रैकर्स में SpO2 सेंसर भी होता है, जो आपके खून में ऑक्सीजन का स्तर मापता है और कोविड जैसी बीमारियों में यह बेहद कारगर साबित हुआ।
हेल्थ ट्रैकर्स का सही उपयोग कैसे करें?
यदि आप हेल्थ ट्रैकर का सही उपयोग करना चाहते हैं, तो सबसे पहले अपने लिए छोटे और वास्तविक लक्ष्य तय करें, जैसे वजन घटाना, तनाव कम करना या दिल की सेहत सुधारना। अपने हेल्थ ट्रैकर से मिलने वाले डेटा को रोज़ाना मॉनिटर करें और अपने स्वास्थ्य लक्ष्यों को ट्रैक करें। अगर हेल्थ ट्रैकर आपको पानी पीने, मूवमेंट करने या सोने की याद दिलाए, तो इसे नज़रअंदाज न करें। सबसे ज़रूरी बात, अगर आपका ट्रैकर किसी भी असामान्य हेल्थ एक्टिविटी को ट्रैक करता है, तो डॉक्टर से ज़रूर सलाह लें। याद रखें, हेल्थ ट्रैकर सिर्फ डेटा देता है, लेकिन असल में सेहत सुधारने के लिए आपको खुद ही हेल्दी आदतें अपनानी होंगी।